हम सभी अपने आप में एक ईमारत हैं। और इस इमारत की उम्र प्रकृति ने लगभग सौ साल तक की तय कर रखी है। सौ साल की जीवनयात्रा तभी अच्छी लगेगी जब इस इमारत की